माता रानी के आगमन और प्रस्थान की सवारी
हिंदू धर्मग्रंथों के मुताबिक, मां दुर्गा जब धरती पर आती हैं, विशेष वाहन यानी सवारी पर आती हैं। उनके आगमन की तरह उनके प्रस्थान यानी जाने की सवारी भी विशिष्ट होती है। आचार्यों और पंडितों के अनुसार, इस साल माता रानी डोली यानी पालकी पर सवार होकर आएंगी। आइए जानते हैं, कलश स्थापना कब है, माता रानी के आगमन और प्रस्थान की सवारी के क्या मायने हैं और और इसका देश-दुनिया क्या असर होंगे?
नवरात्रि के पहले दिन, श्रद्धालु मां शैलपुत्री की पूजा करते हैं, जो हिमालय की सुपुत्री हैं। इस स्वरूप की आराधना से हमें मनोवांछित फलों की प्राप्ति होती है। मां शैलपुत्री को प्रसन्न करने के लिए यह विशेष ध्यान मंत्र जपना श्रेष्ठ है, जिससे माता की कृपा से भक्त की सभी इच्छाएं पूरी होती हैं।

डोली पे सवार होकर आएंगी देवी मां
हिन्दू धर्म की मान्यता है कि माता दुर्गा हर साल अलग-अलग वाहनों पर सवार होकर आती हैं। वे जिस वाहन पर सवार होकर आती हैं, उसका देश-दुनिया पर शुभ-अशुभ प्रभाव पड़ता है। पंडितों और आचार्यों के अनुसार, इस साल शारदीय नवरात्र पर मां दुर्गा ‘डोली’ यानी ‘पालकी’ सवार होकर आएंगी। माता दुर्गा किस वाहन पर सवार होकर आएंगी, यह दिनों के हिसाब से तय होता है। परंपरा के मुताबिक, बृहस्पतिवार को नवरात्रि शुरू होने पर माता रानी डोली या पालकी पर बैठकर आती हैं।
धार्मिक ग्रंथों के मुताबिक, देवी मां का डोली पर सवार होकर आना अच्छा नहीं माना गया है। देवी पुराण के अनुसार, पालकी पर सवार का संकेत है कि देश में आर्थिक मंदी आ सकती है। प्रकृति अपने रौद्र रूप में जान-माल का नुकसान कर सकती हैं। राजनीतिक रूप से अव्यवस्था का माहौल बन सकता है। यह देश-दुनिया में महामारी के बढ़ने के संकेत भी देता है।
चरणायुध पर वापस जाएंगी माता रानी
हिन्दू धर्म की मान्यता है कि न केवल माता रानी के आने की सवारी का देश-दुनिया पर असर होता है, बल्कि उनके प्रस्थान यानी जाने की सवारी का भी व्यापक प्रभाव पड़ता है। इस साल दुर्गा माता चरणायुध पर वापस जा रही हैं। बता दें कि बड़े पंजे वाले मुर्गे को चरणायुध कहा जाता है। इस सवारी यानी मुर्गे पर देवी माता का जाना अशुभ माना गया है। ऐसी स्थित में लोगों का आपस में कलह बढ़ेगा, तबाही की स्थिति रह सकती है। कहते हैं कि माता के मुर्गे पर वापस जाने से लोगों के कष्ट में भी वृद्धि होती है। लोग कई प्रकार के रोगों से परेशान रह सकते हैं










