असम हाउस चाणक्यपुरी में आज स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति की राष्ट्रीय कार्यकारिणी की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। यह बैठक महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सुभाष चंद्र बोस के सहयोगी रहे वरिष्ठ स्वतंत्रता सेनानी आर माधवं की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक में संगठन के पुनर्गठन, राष्ट्रीय पदाधिकारियों के चयन तथा आगामी राष्ट्रीय कार्यक्रमों की रूपरेखा पर व्यापक चर्चा की गई।
बैठक के दौरान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी भारत भूषण विद्यालंकार ने चुनाव अधिकारी की महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए राष्ट्रीय कार्यकारिणी के पुनर्गठन की प्रक्रिया को सफलतापूर्वक संपन्न कराया। सर्वप्रथम संगठन के संरक्षक के रूप में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का सर्वसम्मति से चयन किया गया। इसके पश्चात अध्यक्ष पद के लिए नाम प्रस्तावित किए गए। वर्तमान अध्यक्ष देशबंधु ने आयु और स्वास्थ्य कारणों से पद से मुक्त किए जाने का आग्रह किया, किंतु राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्यों ने उनके अनुभव और मार्गदर्शन को देखते हुए उनके आग्रह को अस्वीकार कर दिया और सहयोग के लिए कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त करने का प्रस्ताव पारित किया।
कार्यकारी अध्यक्ष पद के लिए चुनाव अधिकारी द्वारा नाम आमंत्रित किए जाने पर कोई भी सदस्य आगे नहीं आया। इस दौरान राष्ट्रीय महासचिव जितेंद्र रघुवंशी ने असम के सक्रिय सहयोगी द्विजेंद्र मोहन शर्मा का नाम प्रस्तावित किया, जिसे उपस्थित सभी सदस्यों ने करतल ध्वनि के साथ सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया। इसके पश्चात महासचिव पद के लिए भी नाम मांगे गए, किंतु किसी अन्य सदस्य ने सहमति नहीं दी। सभी सदस्यों के आग्रह पर वर्तमान महासचिव जितेन्द्र रघुवंशी को पुनः इस पद पर सर्वसम्मति से जिम्मेदारी सौंप दी गई।
बैठक में प्रत्येक राज्य से उपाध्यक्षों का चयन भी किया गया। छत्तीसगढ़ से गणेश शंकर मिश्रा, उत्तर प्रदेश से मृगांक शेखर आनंद एवं श्रीमती अलका चौहान, हरियाणा से सूबेदार बिजेन्दर सिंह, मध्य प्रदेश से कमल अग्रवाल एवं सुनील कुमार गुजराती, तमिलनाडु से ए. वेदरत्नम, झारखंड से ओम प्रकाश माझी, पंजाब से सूबेदार चेतन सिंह, बिहार से अशोक कुमार वर्मा, राजस्थान से विशाल सिंह सौदा, असम से कमल चंद्र लहकर, कर्नाटक से अप्पाराव नवले, त्रिपुरा से श्रीमती दीपा दास तथा पश्चिम बंगाल से मोनोतोष दास को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष के रूप में चयनित किया गया।
इसके साथ ही संगठन की कोर कमेटी का गठन भी किया गया, जिसमें महासचिव जितेन्द्र रघुवंशी, कार्यकारी अध्यक्ष द्विजेन्द्र मोहन शर्मा, चंद्र प्रकाश बाजपेई, कपूर सिंह दलाल, डॉ. राजा भैया मिश्रा, परमजीत सिंह टिवाना, राजेश प्रताप सिंह तथा ए. वेदरत्नम शामिल किए गए। इसके अतिरिक्त राष्ट्रीय कार्यकारिणी में कई अन्य वरिष्ठ सदस्यों को भी जिम्मेदारी दी गई।
बैठक में आगामी कार्यक्रमों की घोषणा करते हुए 13 अप्रैल 2026 को हरिद्वार में स्वतंत्रता सेनानी शहीद परिवार सम्मेलन एवं सम्मान यात्रा आयोजित करने तथा 15 जून 2026 को देल्ही स्थित अम्बेडकर इंटरनेशनल सेंटर में शहीद कुशल काँवर की 83वीं पुण्यतिथि पर भव्य राष्ट्रीय कार्यक्रम आयोजित करने का निर्णय लिया गया। साथ ही छत्तीसगढ़, बिहार, पंजाब एवं मध्य प्रदेश में भी बड़े कार्यक्रम आयोजित करने का प्रस्ताव रखा गया, जिनकी तिथियां 15 जून के बाद घोषित की जाएंगी।
इस अवसर पर राष्ट्रीय महासचिव जितेन्द्र रघुवंशी ने सभी सदस्यों से अपील की कि प्रत्येक माह के प्रथम रविवार को सुबह 10 बजे “10 मिनट स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के नाम” अभियान को सक्रिय रूप से आगे बढ़ाया जाए। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में इस अभियान की सफलता पूरे देश के लिए प्रेरणास्रोत है।
बैठक के अंत में अध्यक्ष देशबंधु, कार्यकारी अध्यक्ष द्विजेन्द्र मोहन शर्मा तथा चुनाव अधिकारी भारत भूषण विद्यालंकार ने संगठन को मजबूत बनाने के लिए एकजुट होकर कार्य करने का आह्वान किया। अध्यक्षता कर रहे लेफ्टिनेंट आर. माधवन ने अपने आशीर्वचन में सभी पदाधिकारियों से संगठन के अस्तित्व और सम्मान की रक्षा हेतु समर्पित भाव से कार्य करने की प्रेरणा दी।










