मोतिहारी. तापमान 41 से 42 डिग्री और अनुभूति हो रही 51 डिग्री की. सड़क की कौन कहे, घर में रहने वाले लोग भी कह रहे उफ… यह गर्मी अब कितनी सतायेगी. सड़काें पर दोपहर में कर्फ्यू जैसा दृश्य है, इक्का-दुक्का वाहन चल रहा है. दस दिनों से यह स्थिति बनी हुई है..
उफ ये गर्मी—-क्या यह जान लेकर ही मानेगी? न तो दिन में चैन मिल रहा है और न ही रात में आराम.गर्मी से त्राहिमाम मचा हुआ है. घरों से लेकर राह चलते सड़क तक परेशानी बनी हुई है.कहीं चैन नहीं मिल रहा है. सुबह सात बजने के साथ गर्मी की शिद्दत परेशान करने लग रही है. बाहर निकलने पर ऐसा महसूस हो रहा है कि जैसे लग रहा है कि आसमान से आग निकल रही है.शरीर से पसीने नहीं सुख पा रहे हैं. गर्म हवा व लू के थपेरों से लोगों का जीवन दूश्वार हो गया है.राह चलते लोग लू के चपेट में आ रहे हैं और गिर जा रहे हैं.मंगलवार को अधिकतम तापमान 42 डीग्री व न्यूनतम 39 डीग्री दर्ज किया गया. मौसम विभाग के अनुसार,अभी गर्मी से दो तीन दिनों तक राहत नहीं मिलने वाली है. अधिक गर्मी व हीट वेब के कारण लोग काफी जरूरी काम पड़ने पर ही घरों से निकल रहे हैं. इसका सीधा असर सड़कों पर दिख रहा है. सड़कें पूरी खाली रह रही है. लेकिन शाम छह बजने के साथ सड़कों पर यात्रियों की भीड़ दिख रही है. रात्रि दस बजे तक दुकानें व बाजारें खुल रही है जहां लोग अपनी जरूरत के अनुसार,खरीदारी कर रहे हैं.शहर के मेन रोड,मीना बाजार,बलुआ,चांदमारी,जानपुल सहित कई इलाकों में दुकानें दस बजे रात्रि तक खुल रही है. गर्मी के बढ़ते असर को कम करने के लिए लोग नारियल का पानी,गुलोकोज व ठंडा पानी का उपयोग कर रहे हैं. खासकर राह चलने के दौरान प्यास से कंठ अधिक सुख रहा है,शहर के विभिन्न चौराहों पर नारियल का पानी मिल रहा है,जिसे खरीदकर पीते हुए लोग देखे जा रहे हैं. इसी तरह से ठंडा पानी के लिए फ्रीज के अलावा मिट्टी का बना सुराही लोग अपने घरों में रखने लगे हैं.
अस्पताल से लेकर घर तक लोग गर्मी से उबल रहे हैं. सबको मॉनसून आने का इंतजार है. दुकान पर ग्राहक नहीं आ रहे हैं, इस कारण बिक्री मंदा है. निजी बस में यात्रा करने वाले लोग भी एसी बस ढूंढ़ रहे हैं. इलेक्ट्रॉनिक दुकानों पर एसी, कूलर, पंखा के लिए भीड़ लगी है. अनुमान के अनुसार केवल शहरी क्षेत्र में प्रतिदिन 100-200 एसी लग रहे हैं. लगने का कारण भी है कि कंपनियां केवल आधार व पैन कार्ड का फोटो लेकर इएमआइ पर मुहैया करा रही है. विभाग से मिली जानकारी के अनुसार पिछले दस दिनों से बिहार के पूर्वी छोर स्थित किशनगंज की सीमा पर पश्चिम बंगाल में मॉनसून अटका है. गर्मी व उमस बढ़ने से आसपास के इलाकों में निम्न दबाव का क्षेत्र बनेगा. इससे मॉनसूनी हवाएं निम्न दबाव की ओर आकर्षित होगी. मॉनसून विभाग ने 14 से 15 जून तक वर्षा की संभावना व्यक्त की है. 11 से 15 जून के बीच जिले के तापमान में वृद्धि होगी. भीषण गर्मी में शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली कट की समस्या से लोग परेशान हैं. ग्रामीण क्षेत्रों में अगर ट्रांसफॉर्मर जल गया, तो कथित सेवा शुल्क के अलावा चार से पांच दिनों तक इंतजार करना होगा. आमलोगों की शिकायत है कि विभाग द्वारा जो कंट्रोल रूम का नंबर जारी किया गया है, उस पर कोई शिकायत दर्ज करने वाला नहीं है. फोन बिजी का टाेन लगा दिया गया है. जारी नंबर मोतिहारी कंट्रोल- 9264456405, रक्सौल- 9264456406, चकिया- 6287742614 है. विभागीय एसडीओ ने बताया कि ट्रांसफॉर्मर पर अधिक लोड के कारण कट हो रही है. कंट्रोल से नंबर नहीं उठाने के संबंध में शिकायतों की जांच की जाएगी. आग उगलने वाली गर्मी से लोगों की परेशानी बढ़ी है. गर्मी के कारण बाजार में हरी सब्जियों के बढ़े हुए दाम स्थिर हैं. अधिकांश हरी सब्जियां 20 से 40 रुपये केजी है. लोगों को उम्मीद थी कि बारिश होने पर भाव में गिरावट आयेगी. व्यवसायियों का कहना है कि पंपसेट से पानी पटाने से भी लाभ नहीं दिख रहा है. सब्जी के उत्पादन में भी कमी हुई है










