मोतिहारी :- जिलाधिकारी, की अध्यक्षता में राधाकृष्णन सभागार , मोतिहारी में सभी विभागों के कार्य प्रगति का संबंधित पदाधिकारी के साथ समीक्षा बैठक आयोजित की गई ।
समीक्षा के क्रम में संबंधित पदाधिकारी को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि जिला ,अनुमंडल एवं प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी एवं कर्मीगण बिना अनुमति के मुख्यालय ना छोड़ें, अनुपस्थित पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी । उन्होंने कहा कि बायोमैट्रिक अटेंडेंस के आधार पर वेतन भुगतान सुनिश्चित किया जाएगा ।
उन्होंने कहा कि आरटीपीएस एवं लोक शिकायत निवारण में प्राप्त आवेदन का निष्पादन शीघ्र सुनिश्चित करें ।3 वर्ष से अधिक वाले कर्मियों की सूची शीध्र उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें, ताकि ससमय स्थानांतरण की कार्यवाही किया जा सके ।भू समाधान पोर्टल पर अपलोडेड भू-मापी से संबंधित संवेदनशील/अति संवेदनशील मामले को जून तक निष्पादन करना सुनिश्चित करें ।
हर्ष फायरिंग के मामले में आर्म्स लाइसेंस कैंसिलेशन हेतु उन्होंने आवश्यक दिशा-निर्देश दिए ।
रक्सौल में ट्रैफिक जाम से निजात दिलाने एवं शहर की गंदगी की साफ/ सफाई हेतु उन्होंने आवश्यक दिशा निर्देश दिए ।
सांख्यिकी पदाधिकारी को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि जन्म/ मृत्यु प्रमाण पत्र लंबित मामले का निष्पादन शीघ्र सुनिश्चित करें ।अनुमंडलीय अस्पताल, रक्सौल में 50 व्यक्तियों का आश्रय स्थल हेतु आदेश दिया गया ।जिलेभर में कला संस्कृति विभाग एवं पर्यटन विभाग को बढ़ावा देने हेतु निर्देशित किया गया ।नगर विकास विभाग को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि नाले की साफ-सफाई/ कच्चा नाला निर्माण एवं जलजमाव की समस्या से निजात दिलाना सुनिश्चित करें ।
कृषि पदाधिकारी को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि पीएम किसान निधि योजना का लाभ ग्राम शिविर लगाकर किसानों तक पहुंचाएं ।
जिले भर में 145 आगनबाड़ी निर्माण हेतु एनओसी प्राप्त है । उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि सभी सीडीपीओ कम से कम एक आगनबाड़ी का प्रतिदिन निरीक्षण प्रतिवेदन भेजना सुनिश्चित करेंगे ।
अतिक्रमण वाद पर कार्रवाई हेतु उन्होंने सभी अंचलाधिकारी को आवश्यक दिशा निर्देश दिए ।
आपदा प्रबंधन अंतर्गत मुआवजा भुगतान लंबित ना रखें, ससमय भुगतान करना सुनिश्चित करें ।
पंचायती राज विभाग द्वारा एक पंचायत , एक बैंक खाता खोलने निर्देश दिया गया ।
ग्रामीण कार्य विभाग द्वारा वृक्षारोपण ,वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट हेतु भूमि चिन्हित करने, अमृत सरोवर का कार्य पूर्ण करने हेतु आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए ।
नगर विकास विभाग अंतर्गत जल जमाव की समस्या को दूर करने, कच्चा नाला का निर्माण करने, निश्चित रूप से नियंत्रण कक्ष स्थापित करने का निर्देश दिया गया ।
समाज कल्याण विभाग, खनन विभाग, संख्यिकी विभाग, बाढ़ नियंत्रण, नीलाम पत्र वाद, राजस्व, ग्रामीण विकास, आपदा आदि विभाग के पदाधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए ।
एनएचएआई /रेलवे के पदाधिकारियों को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि पुल पुलिया निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए ।
जिला परिवहन पदाधिकारी को निर्देश देते हुए उन्होंने कहा कि 15 वर्ष से अधिक वाहनों का प्रतिवेदन भेजने , शहरी क्षेत्रों में जाम की समस्या से मुक्ति दिलाना सुनिश्चित करें ।

इस अवसर पर अपर समाहर्ता , सभी अनुमंडल पदाधिकारी, जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, जिला भू अर्जन पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला आपूर्ति पदाधिकारी, नगर आयुक्त, सिविल सर्जन, विशेष कार्य पदाधिकारी गोपनीय शाखा, जिला कृषि पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, सभी भूमि सुधार उप समाहर्ता, सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी ,अंचलाधिकारी, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, आदि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ें थें ।










