जहरीली शराब कांड में आज एक बड़ा और अहम खुलासा सामने आया है, जिसने पूरे मामले की जांच को एक नई दिशा दे दी है। विशेष जांच दल यानी SIT की टीम ने इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए गाजियाबाद से ऑपरेट करने वाले स्पिरिट कंपनी के मालिक सतीश चौधरी को गिरफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि इसी कंपनी के जरिए जहरीली स्पिरिट की सप्लाई की गई थी, जिससे कई लोगों की जान चली गई और कई परिवार उजड़ गए।
सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी सतीश चौधरी की कंपनी SS केमिकल्स के नाम से जहरीली स्पिरिट की खेप अलग-अलग जगहों पर भेजी गई थी। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि इस स्पिरिट का इस्तेमाल अवैध शराब बनाने में किया गया, जिसके कारण यह भयावह हादसा हुआ। SIT की टीम अब सतीश चौधरी से लगातार गहन पूछताछ कर रही है और उम्मीद जताई जा रही है कि पूछताछ के दौरान इस पूरे नेटवर्क से जुड़े कई और लोगों के नाम सामने आ सकते हैं।
जांच एजेंसियों का कहना है कि यह केवल एक व्यक्ति का काम नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक संगठित गिरोह सक्रिय था, जो लंबे समय से अवैध तरीके से स्पिरिट की सप्लाई कर रहा था। SIT की टीम अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान करने में जुटी हुई है। इसके लिए उत्तर प्रदेश, दिल्ली और बिहार समेत कई स्थानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।
इधर, सतीश चौधरी की गिरफ्तारी के बाद पूरे मामले में हलचल तेज हो गई है। प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि इस मामले में किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि स्पिरिट की यह खेप किन-किन रास्तों से होकर अवैध शराब बनाने वालों तक पहुंची और इसमें किन स्थानीय लोगों की भूमिका रही।
SIT के अधिकारियों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अब सप्लाई चेन की पूरी कड़ी को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। जांच टीम यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन से कारोबारी या बिचौलिए शामिल थे। संभावना जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी कई बड़ी गिरफ्तारियां हो सकती हैं। ⚖️
वहीं, जहरीली शराब कांड में अब तक हुई मौतों को लेकर प्रशासन पहले से ही दबाव में है। मृतकों के परिजनों को न्याय दिलाने और दोषियों को सजा दिलाने के लिए जांच एजेंसियां तेजी से कार्रवाई कर रही हैं। प्रशासन ने साफ संकेत दिए हैं कि इस पूरे नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए हर स्तर पर कार्रवाई जारी रहेगी।
फिलहाल, सतीश चौधरी से पूछताछ जारी है और उम्मीद की जा रही है कि इस पूछताछ से जहरीली स्पिरिट सप्लाई के पूरे रैकेट का पर्दाफाश जल्द ही हो सकता है।










